अंबिकापुर। कलेक्टर कुंदन कुमार ने सोमवार को उदयपुर के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और स्वामी आत्मानंद विद्यालय का औचक निरीक्षण किया। उन्होंने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में स्वयं का बीपी व शुगर लेवल जांच कराया। निरीक्षण के दौरान बीपीएम के कमरे में साफ-सफाई की कमी व अव्यवस्था होने पर उन्हें तत्काल शोकॉज नोटिस जारी किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में कलेक्टर ने प्रत्येक वार्डों की बारीकी से निरीक्षण किया। आइपीडी वार्ड में सुभनी पण्डो पिता रामधनी 18 वर्ष निवासी शंकरपुर मुरमीपारा दो दिन पहले तबीयत खराब होने पर अस्पताल में एडमिट हुई थी, कलेक्टर ने उसका हाल जाना तथा बेहतर स्वास्थ्य सुविधा प्रदान करने के निर्देश दिए। उन्होंने ओपीडी, आइपीडी, लेबर वार्ड, लैब का भी निरीक्षण किया। सीएचसी में मरीजों के सर्वसुविधा ईलाज हेतु कलेक्टर ने ब्लड बैंक और ट्रामा सेंटर खोलने के निर्देश डीपीएम को दिए। शाम की ओपीडी में डॉक्टरों के शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने कहा। इसके साथ सीएससी के बगल में बन रहे भवन का भी औचक निरीक्षण कर तेजी से कार्य में प्रगति लाने कहा गया। इस दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.पीएस सिसोदिया, बीएमओ एआर जयंत, बीईओ संजीव तिवारी के साथ अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बच्चों के साथ किए भोजन
स्वामी आत्मानंद शासकीय उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम विद्यालय उदयपुर में बच्चों के संग बैठकर कलेक्टर मध्यान्ह भोजन की गुणवत्ता की जांच किए। विद्यालय के सभी कक्षाओं में पहुंचकर अध्ययनरत छात्र-छात्राओं से विस्तृत पाठ्यक्रम का जायजा लिया। कक्षा में छात्रों से चर्चा करते हुए मेहनत और लगन से पढ़ाई करने की सलाह दी। साथ ही आइएएस बनने के लिए बच्चों को टिप्स दिए। प्रायोगिक लैब में प्राचार्य चंद्रभूषण सिंह के साथ शिक्षक तनुजा गुप्ता को बुलवाकर प्रायोगिक यंत्र के संबंध में 12वीं के छात्र मयंक मिंज, छात्रा निम्मी तिवारी और पीहू पांडेय से प्रायोगिक से संबंधित पूछताछ किए।
पुराने उपकरण देखकर बिफरे कलेक्टर
लैब में पुराने टूटे-फूटे व धूल खा रहे प्रायोगिक उपकरण देखकर कलेक्टर ने प्राचार्य को फटकार लगाते हुए कहा कि ऐसी डैमेज व्यवस्थाओं में बच्चे क्या सीख पाएंगे। उन्होंने कांटे्रक्टर को फोन लगाकर जरूरी सामान तत्काल उपलब्ध कराने हेतु निर्देशित किया। बच्चों के लिए आवश्यक मूलभूत सामान उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। विद्यालय में नया हैंडपंप खनन करने के भी निर्देश दिए। विद्यालय की अन्य अव्यवस्थाओं को दूर करने कहा।
Leave a reply
