अंबिकापुर: अक्टूबर 20, 2021: राजस्थान राज्य विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड (आरआरवीयूएनएल) के कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्त्व के तहत ग्राम परसा और फतेहपुर के किसानों के लिए नेपियर घास की खेती का एक दिवसीय प्रशिक्षण अदाणी फाउण्डेशन द्वारा आयोजित किया गया। दोनों गांव के 20 किसानों ने प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लिया और नेपियर घास की खेती की विधि सीखी। साथ हीं उन्हें इस बात की जानकारी दी गयी कि कैसे नेपियर घास मवेशियों को खिलाने से दूध उत्पादन में बढ़ोतरी होती है | इसके साथ हीं नेपियर घास से होनेवाले अन्य महत्वपूर्ण फायदों को भी समझाया गया।
गौरतलब है कि गर्मी के मौसम में चारे की कमी हो जाती है और जब दुधारू पशुओं को सही आहार नहीं मिलता है तो दूध के उत्पादन में कमी आ जाती है जिसका सीधा नुकसान पशुपालकों को पहुँचता है क्योंकि दूध बेचकर होने वाली आय कम हो जाती है। एक बार नेपियर घास लगाने के बाद 3 से 5 पांच साल तक किसानों को हरे चारे की समस्या से निजात मिल जाता है।
सरगुजा जिले के उदयपुर विकासखंड के पशु चिकित्सा अधिकारी डा. संतोष कंवर ने नेपियर घास की खेती और मवेशियों के दूध उत्पादन में इसके महत्व पर प्रशिक्षण दिया। आरआरवीयूएनएल के श्री सुरजीत सिंह और अदाणी इंटरप्राइजेज लिमिटेड के श्री सूर्या गुप्ता प्रशिक्षण कार्यक्रम में उपस्थित थे। वहीं अदाणी फाउंडेशन के उपेंद्र कुमार साहू ने कार्यक्रम का सफल संचालन किया।
