मेडिकल कॉलेज अस्पताल मार्ग पर संचालित है बिना पार्किंग के कई निजी अस्पताल
अम्बिकापुर। पार्किंग की व्यवस्था किए बगैर शहर के मुख्य मार्गों में अस्पताल खोल दिए जा रहे हैं। अस्पताल खोलने के बाद उमड़ने वाली मरीजों की भीड़ और परिजनों के दोपहिया, चारपहिया वाहनों से आवागमन बाधित हो रहा है। यातायात व्यवस्था पर खलल पड़ रहा है पर निजी अस्पताल प्रबंधन को इससे कोई लेना-देना नहीं है। मामला शहर के मेडिकल कॉलेज अस्पताल मार्ग रानी तालाब के इन हालातों के बीच कई बार मरीजों को लाने-ले जाने में लगी संजीवनी 108, महतारी 102 एक्सप्रेस के अलावा मुक्तांजली व निज साधनों से बीमारों को लेकर अस्पताल पहुंचने वाले जूझते नजर आते हैं। बुधवार को ऐसे ही बेतरतीब वाहनों के बीच फंसे संजीवनी 108 को देखा गया, जो किसी इमरजेंसी कॉल पर पीड़ित को लेने के लिए निकली थी। ओपीडी समय में अत्यधिक भीड़ रहने के बाद भी बेतरतीब खड़े रहने वाले वाहनों को हटवाने की जरूरत न तो अस्पताल के पुलिस सहायता केंद्र के कर्मियों ने की है और न ही मणिपुर पुलिस का इससे कोई वास्ता नजर आ रहा है। वाहन स्टैंड का संचालन करने वाली समूह की महिलाओं को बेतरतीब वाहन खड़ा करने वालों से कोई लेना-देना नहीं है। पार्किंग की कोई व्यवस्था नहीं है ऐसे में इस व्यस्ततम प्रमुख मार्ग में ही दोपहिया, चारपहिया वाहनें पार्क की जा रही है। इस बीच यहां नाली निर्माण भी शुरु हो गया है,जिससे वाहनों की पार्किंग और सड़क पर आ चुकी है।गौरतलब है कि अग्रसेन चौक से बिलासपुर चौक के बीच मेडिकल कालेज का जिला चिकित्सालय है। इसी मार्ग पर निजी चिकित्सालय एवं दवाई दुकाने भी हैं। यह मार्ग आपातकालीन सेवाओं के लिए हमेशा खुली रहनी चाहिए किंतु यहां हर दिन सुबह 10 बजे से लेकर शाम 06 बजे तक हमेशा जाम की स्थिति बनी रहती है। कई बार तो मरीजों को चिकित्सालय ले जाते समय एम्बुलेंस भी जाम में फंस जाती है। अनेकों बार यातायात प्रभारी का ध्यान इस ओर आकृष्ट कराने उपरांत भी कोई सुधार नहीं हो पाया है। यातायात प्रभारी तत्काल संज्ञान लेकर आपातकालीन मार्ग को जाम से मुक्त कराने की ब्यवस्था बनाये अन्यथा संकल्प सामाजिक संगठन एक दिन धरना प्रदर्शन करने को बाध्य होगा। आचार्य दिग्विजय सिंह तोमर रा.संवाद प्रतिनिधि मतदाता जागृति मंच छत्तीसगढ़ अम्बिकापुर ने चेतावनी दी है।
मरीजों को लाने लेजाने में होती है परेशानीशहर के मेडिकल कॉलेज अस्पताल मार्ग रानी तालाब के कई निजी अस्पताल व डायग्नोस्टिक सेंटर है। पार्किंग न होने से निजी अस्पताल में आए मरीजों व उनके परिजन द्वारा सड़क पर ही दो पहिया व चार पहिया वाहन खड़ा कर देते है। एनएच मर्ग होने के कारण जाम लग जाती है। कई बार मरीजों को लाने-ले जाने में लगी संजीवनी 108, महतारी 102 एक्सप्रेस के अलावा मुक्तांजली व निज साधनों से बीमारों को लेकर अस्पताल पहुंचने वाले जूझते नजर आते हैं।
