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छत्तीसगढ़

ज्वाइंट टास्क फोर्स कैंप खुलने से माआवादियों के विरुद्ध अभियान को मिलेगी गति आईजी ने बलरामपुर के घोर माओवाद प्रभावित क्षेत्र भुताही मोड़ के समीप स्थित पुलिस व सीआरपीएफ ज्वाइंट टास्क फोर्स कैंप का किया भूमिपूजन


अंबिकापुर। पुलिस महानिरीक्षक ने सामरीपाठ थाना अंतर्गत घोर नक्सल प्रभावित क्षेत्र भुताही मोड़ में बन रहे पुलिस व सीआरपीएफ ज्वाइंट टास्क फोर्स कैंप का भूमिपूजन किया। इस दौरान उन्होंने कहा कि भुताही मोड़ में पुलिस सीआरपीएफ का ज्वाइंट टास्क फोर्स कैंप खुलने से माआवादियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान को और गति मिलेगी। कैंप का निर्माण होने से सुदूर नक्सल प्रभावित क्षेत्र में वरिष्ठ अधिकारियों का आवागमन होता रहेगा, जिससे निश्चित ही प्रति हिंसा से ग्रसित क्षेत्रों में पुलिस गतिविधि को बढ़ाने में मदद मिलेगी तथा सही दिशा में कार्य करने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों का मार्गदर्शन प्राप्त हो सकेगा।
पुलिस महानिरीक्षक अजय कुमार यादव ने जवानों को संबोधित करते हुए कहा कि आपकी उपस्थिति ही विश्वास का परिचायक है। यदि आपकी उपस्थिति के बावजूद लोगों का विश्वास कम होगा या वे सभी असुरक्षित महसूस करेंगे तो निश्चित ही हमारा मनोबल भी कम होगा। लोगों का विश्वास कम नहीं होना चाहिए, इसी उद्देश्य के हमें साथ मिलकर कार्य करना है। इस दौरान आइजी ने भुताही मोड़ व चुनचुना पुनदाग के ग्रामीणों से मिलकर उनका कुशलक्षेम पूछा, उनकी समस्याएं सुनी। पुलिस महानिरीक्षक ने कहा कि कैंप निर्माण होने से पुलिस फोर्स का आवागमन निश्चित तौर पर बढ़ेगा, आमजन मुख्यधारा से पूर्णता जुड़ेंगे। शासन-प्रशासन की सुविधाओं का लाभ आमजन ले सकेंगे। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक बलरामपुर रामकृष्ण साहू, सीआरपीएफ के 62वीं बटालियन के सीईओ वीवी राजू, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ऑपरेशन प्रशांत कतलम, उप पुलिस अधीक्षक नक्सल ऑपरेशन डीके सिंह, थाना प्रभारी सामरीपाट निरीक्षक रुपेश कुंतल एक्का एवं सीआरपीएफ तथा पुलिस के अधिकारी व जवान उपस्थित थे।
एसपी की आईजी ने की प्रशंसा-
आईजी अजय कुमार यादव ने पुलिस अधीक्षक बलरामपुर रामकृष्ण साहू की तारीफ करते हुए कहा कि लीडर जैसा होता है, फोर्स ठीक वैसे ही काम करती है। हम जिम्मेदारी को समझते हुए कार्य कर रहे हैं, निश्चित ही इस क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियां सहित अन्य कारकों से आप सभी परिचित हैं। भुताही सीआरपीएफ कैंप का निर्माण होने से हम निश्चित ही नक्सली गतिविधियों को खत्म करने की ओर अग्रसर होंगे।
सड़क निर्माण से होगी सहूलियत-
पुलिस महानिरीक्षक द्वारा कहा गया कि सबाग से पुन्दाग तक सड़क निर्माण होने से इस क्षेत्र में रहने वाले आमजन को बहुत सहूलियत मिलेगी। शासन की योजनाओं का लाभ क्षेत्र के आमजन को आसानी से मिल सकेगा। उन्होंने कहा कि बंदरचुआं, चुनचुना पुंदाग जिले के सरहदी बॉर्डर झारखंड राज्य से लगा हुआ है। यहां से माओवादियों का आवागमन होने की सूचना मिलते रहती है। बंदरचुआं से चुनचुना पुन्दाग तक सड़क निर्माण कार्य पूरा होने से आम जनों को इसका बहुत फायदा मिलेगा। आईजी ने थाना सामरीपाट अंतर्गत कैंप सबाग से ग्राम पुन्दाग तक हो रहे सड़क निर्माण का निरीक्षण किया।
केंरिपुब कर रहा सराहनीय सहयोग-
आईजी अजय कुमार पटेल ने कहा कि जिले में नक्सल उन्मूलन एवं कैंप निर्माण में जिला पुलिस बल के साथ केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल का अपेक्षित सहयोग प्राप्त हो रहा है। केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के डीआईजी संजय सिंह, सीआरपीएफ पुलिस महानिरीक्षक साकेत सिंह, कमांडेंट प्रमोद कुमार 62वीं वाहिनी द्वारा जिला बलरामपुर में नक्सल उन्मूलन एवं शांति सुरक्षा व्यवस्था कायम करने में भरपूर सहयोग कर रहे हैं, जिसके कारण पूरे नक्सल प्रभावित क्षेत्र में शांति व्यवस्था स्थापित है।
वार्षिक कैलेंडर का वितरण-
आईजी अजय कुमार यादव द्वारा भूमिपूजन उपरांत भुताही मोड़, चुनचुना-पुन्दाग के ग्रामीणों को वार्षिक कैलेंडर का वितरण किया। पुलिस अधीक्षक कार्यालय बलरामपुर द्वारा सामुदायिक पुलिसिंग के तहत तैयार कराए गए वार्षिक कैलेंडर में नक्सलियों के समर्पण पश्चात नक्सल संगठन में उसके धारित पदनाम के आधार पर घोषित पुरस्कार राशि के संबंध में विस्तृत जानकारी दी गई है तथा छत्तीसगढ़ शासन की नक्सलियों के आत्मसमर्पण एवं पुनर्वास नीति के संबंध में उल्लेख किया गया है। कैलेंडर का वितरण पुलिस महानिरीक्षक द्वारा ग्रामीणों को किया गया।
पुलिस व केंरिपुब के लिए दी संगीत सामग्री-  
आईजी ने नक्सल प्रभावित क्षेत्र में तैनात पुलिस एवं सीआरपीएफ के जवानों को मनोरंजन हेतु सामुदायिक पुलिसिंग के तहत हारमोनियम एवं अन्य सामग्री प्रदान की। पुलिस महानिरीक्षक द्वारा नक्सल प्रभावित क्षेत्र में तैनात जवानों से कहा गया कि आपकी लगन, मेहनत, सेवा भावना बहुत ही प्रेरणादायक है। हम पर आमजन का विश्वास कम नहीं होना चाहिए, इसी उद्देश्य के साथ हमें साथ मिलकर काम करना है।

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